Updates

अपने बच्चों को वैकल्पिक भाषा के तौर पर उर्दू जरूर पढांए: रईस ख़ान पठान

||||

Administrators

नई दिल्लीए वतन समाचार डेस्करू भारतीय जनता पार्टी के नेतृत्व वाली केन्द्र की राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (राजग) सरकार सबका साथ सबका विकास के अपने चुनावी वायदे को प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के कुशल दिशा-निर्देश में बखूबी पूरा करने में जुटी है। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की स्वीकार्यता सारे राष्ट्र में बढ़ी है। प्रधानमंत्री देश को गरीबी और बेरोजगारी से मुक्त करने की दिशा में तेजी से आगे बढ रहें हैं। 2019 के लोकसभा चुनाव में मोदी के सामने किसी भी राजनीतिक दल या गठजोड़ की चलने वाली नहीं है, क्योंकि देश की जनता ने अभी से मोदी को दोबारा प्रधानमंत्री बनाने की ठान ली है। यह कहना है सेन्ट्रल वक्फ काउन्सिल (सीडब्लूसी) के सदस्य रईस खान पठान का। उन्होंने देश की वर्तमान सियासत, मोदी सरकार की उपलब्धियों, कार्यक्रमों और मुस्लिम मसायल पर वरिष्ठ संवाददाता से बातचीत में कई रोचक और अहम बातों का खुलासा किया। पठान ने कहा कि देश की जनता अब जात-पात, क्षेत्रवाद, संप्रदायवाद और धर्म की राजनीति करने वाले राजनीतिक दलों को सबक सिखाना चाहती है, इसीलिए राष्ट्रवासी ऐसी सरकार केन्द्र सहित राज्यों में भी चाहते हैं जो विकास को केन्द्र में रखकर युवाओं, किसानों, उद्योगों, महिलाओं को आगे बढ़ाने के सुअवसर प्रदान करे। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में सूक्ष्म, लधु एवं मध्यम उद्योग मंत्रालय के जरिए करोड़ों लोगों को स्वरोजगार के लिए सस्ती दर पर लोन उपलब्ध कराए गए हैं। इसी तरह मुद्रा लोन स्कीम के तहत हजारों-करोड़ों रूपयों का लोन लेकर महिलाएं और किसान लाभान्वित हो रहे हैं। कुशल भारत सबल भारत के तहत नये-नये उद्योगों को स्थापित करने के लिए युवाओं को प्रशिक्षण के पश्चात करोड़ों रूपयों के लोन आवंटित किए गए, जिससे हमारे युवा नौकरी मांगने के स्थान पर नौकरी देने लायक हो रहे हैं। पठान ने आगे कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने किसानों, महिलाओं, उद्योग में लगे लोगों, युवाओं, पिछड़ों, दलितों, बुर्जुगों से जो भी वायदे किए उनको पूरा किया और आगे भी उसी दिशा में काम किया जा रहा है। महिलाओं के जीवन स्तर में सुधार लाने के लिए 3 करोड़ से ज्यादा परिवारों को उज्ज्वला योजना के तहत गैस सिलेंडर मय चुल्हे प्रदान किए गये। किसानों के कर्ज की माफी बड़ी संख्या में की गई। छोट मझोले उद्योगों में लगे लोगों को न्यूनतम मजदूरी बढ़ाने के साथ ही उनको हेल्थ कार्ड के जरिए मुफ्त महंगे ईलाज की सुविधा प्रदान की जा रही है, युवाओं को रोजगार के लिए बड़ी संख्या में आसान शर्तों पर कम ब्याज में लोन प्रदान किए जा रहे हैं। पिछड़े और दलित समुदाय के लिए सबको मकान देने की दिशा में भाजपा की केन्द्र सरकार के निर्देश पर राज्य सरकारें सस्ते मकान इस वर्ग को उपलब्ध कराने में जुटी हैं। उन्होंने कहा सभी योजनाओं पर खर्च किया जाने वाला फण्ड लाभार्थियों तक पहुंच रहा है कि नहीं, इसकी माॅनेटरिंग किए जाने की निहायत ही जरूरत है। जब तक जमीनी स्तर पर लोगों को फायदा नहीं पहुंचता तब तक न तो सरकार को उसके कार्यों का फायदा मिलेगा और न ही जनता का भला हो सकेगा। जिसके लिए उसने भाजपा को भारी बहुमत से जिताकर देश की बागडोर सौंपी। आप मुस्लिम समाज का प्रतिनिधित्व करते हैं, भाजपा के साथ मुसलमानों के रिश्तों में कुछ सुधार आया है क्या? पठान ने कहा कि आजादी के 70 बरस बीत गए हैं, इस दरमियान कमोबेश सभी राजनीति दलों ने मुस्लिम समुदाय को सिर्फ और सिर्फ वोट बैंक की खातिर इस्तेमाल किया है और मुस्लिम समाज के रहनुमाओं ने भी सिर्फ अपने निजी मफात के लिए राजनीति की है। भाजपा इस समाज को मुख्यधारा में साथ लेकर चलना चाहती है, इसीलिए प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने सबका साथ सबका विकास का नारा बुलंद किया है। समाज से मेरी पुरजोर अपील है कि वह अपनी उर्दू जुबान को मजबूती से पकड़ें और उसको आगे बढ़ाने के लिए अपने बच्चों को वैकल्पिक भाषा के तौर पर उर्दू जरूर पढांए, इससे सरकार को मुस्लिम समाज के युवाओं को नौकरी देने के लिए मजबूर होना पडे़गा। उर्दू जुबान सिर्फ मुस्लिम कौम की जुबान नहीं है, यह बात सरकार भी अच्छी तरह से जानती है। मुस्लिम समाज के जिम्मेदार लोगों को चाहिए कि उर्दू की तरक्की के लिए अपनी कौम को जागरूक करें। श्री पठान ने कहा कि मुस्लिम समाज को शिक्षित होकर और उर्दू का विकास कर सरकार के सामने ऐसी स्थिति पैदा करनी होगी कि सरकार उनको खुद आगे बढ़कर नौकरी-रोजगार दे न कि उनको सरकार के आगे हाथ फैलाने पडे़ं। जब मुस्लिम समाज ऐसी स्थिति पैदा करेगा जिसका मौका वर्तमान सरकार उसे मुहैया भी करा रही है तभी सच्चे मायनों में सबका साथ सबका विकास के केन्द्र सरकार द्वारा दिए गए नारे को अमलीजामा पहनाया जा सकेगा।

You May Also Like

Notify me when new comments are added.

धर्म

ब्लॉग

अपनी बात

Poll

Should the visiting hours be shifted from the existing 10:00 am - 11:00 am to 3:00 pm - 4:00 pm on all working days?

SUBSCRIBE LATEST NEWS VIA EMAIL

Enter your email address to subscribe and receive notifications of latest News by email.